उत्तरांचल प्रेस क्लब के वार्षिक चुनाव में आज 2025 के अंतिम दिन बुधवार को सुबह इतिहास बना।
प्रेस क्लब के चुनाव में पहली बार “तिलिस्म” को तोड़कर एक पूरी नई कार्यकारिणी बनी।
ये पहला चुनाव है जहां युवाओं के हाथों में सीधे तौर पर एक “अनुभवी नेतृत्व” के माध्यम से मतदाताओं ने कमान सौंपी।
यूं तो पिछले चार-पांच सालों से प्रेस क्लब के मतदाताओं का मिजाज बदला बदला सा था पर अबकि तो मानो सब कुछ बदल गया।
आज एक नई सुबह क्लब ने देखी। विगत कुछ सालों से जो बदलाव की बयार संघर्षों के माध्यम से बहनी शुरू हुई वो, आज मुकम्मल हो गई।
इसके साथ ही जिम्मेदारियां भी बढ़ गई हैं। इस नई शुरुआत को आगे तक ले जाने के लिए टाइप्ड होने से बचना होगा।
सबको साथ लेकर चलना होगा, तभी एक ऐसे प्रेस क्लब का निर्माण हो सकेगा जिसमें सबकी समान भागीदारी हो।
हां, प्रेस क्लब ने पहली बार ऐसी ऐतिहासिक मतगणना भी देखी जो आज तक नहीं हुई।
मंगलवार शाम साढ़े चार बजे के करीब शुरू हुई वोटों की गिनती का क्रम बुधवार तड़के जाकर पूरा हुआ। क्लब में ऐसी ऐतिहासिक मतगणना भी पहली बार हुई।
क्लब के नवनिर्वाचित अध्यक्ष अजय राणा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष गजेंद्र सिंह नेगी , युवा चेहरा महामंत्री योगेश सेमवाल, और कोषाध्यक्ष के रूप में मनीष डंगवाल,
तो वही सब से रोमांचित जीत संयुक्त मंत्री शिवेश शर्मा ने दर्ज की अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी के एस बिष्ट को मात्र एक वोट से शिकस्त दी।
संप्रेक्षक पद पर विजय जोशी, कनिष्ठ उपाध्यक्ष सोबन गुसाईं, संयुक्त मंत्री महिला मीना नेगी,तो कार्यकारिणी सदस्यों में रश्मि खत्री,
मनवर सिंह रावत, हरीश थपलियाल, सुलोचना पायल, वीरेंद्र डंगवाल पार्थ, मनमोहन लखेड़ा, मनोज जयड़ा, हिमांशु जोशी व ओमप्रकाश जोशी ने भारी बहुमत से जीतने दर्ज की।