सोशल मीडिया के माध्यम से राजनीतिक विरोधियों को बदनाम करने और महिलाओं के चरित्र पर सवाल उठाने की बढ़ती प्रवृत्ति के विरोध में,
बुधवार को उत्तराखंड कांग्रेस के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे।
कांग्रेस प्रदेश सचिव स्वाति नेगी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक (देहरादून ग्रामीण) जया बलूनी को ज्ञापन सौंपकर,
‘वसूली अभियान मोर्चा’ नामक सोशल मीडिया पेज के संचालकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि उक्त सोशल मीडिया पेज के माध्यम से कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं की राजनीतिक,
एवं सामाजिक छवि को नुकसान पहुंचाने वाली भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री लगातार प्रसारित की जा रही है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर किसी व्यक्ति की मानहानि, चरित्र हनन और परिवार की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाना स्वीकार नहीं किया जा सकता।
इस दौरान भावुक हुईं कांग्रेस प्रदेश सचिव स्वाति नेगी ने कहा कि राजनीतिक आलोचना और वैचारिक विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है,
लेकिन किसी महिला के चरित्र और उसके परिवार के सम्मान को निशाना बनाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि वह एक विवाहिता हैं और सोशल मीडिया पर उनके बारे में की जा रही आपत्तिजनक टिप्पणियां न केवल उनका बल्कि उनके परिवार और ससुराल पक्ष का भी अपमान हैं।
स्वाति नेगी ने कहा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित की गई सामग्री केवल उन्हें ही नहीं बल्कि प्रतापनगर के विधायक विक्रम सिंह नेगी,
और पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा की प्रतिष्ठा पर भी सवाल खड़े करती है।
उन्होंने कहा कि उनकी लड़ाई सिर्फ व्यक्तिगत नहीं, बल्कि उन सभी महिलाओं के सम्मान की लड़ाई है,
जिन्हें सोशल मीडिया के जरिए बदनाम करने की कोशिश की जाती है।
उन्होंने बताया कि इस मामले में पहले भी पुलिस को शिकायत दी जा चुकी है।
कांग्रेस के अनुसार, 28 दिसंबर 2025 को पार्टी की ओर से ‘वसूली अभियान मोर्चा’ के संचालक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने का प्रयास किया गया था,
लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 28 फरवरी 2026 को उक्त पेज पर कांग्रेस और उसके नेताओं को निशाना बनाते हुए एक और वीडियो पोस्ट किया गया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिस प्रशासन से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट संचालकों की पहचान की जाए,
और उनके खिलाफ आईटी एक्ट तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जाए।
साथ ही चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करेगी।
ज्ञापन सौंपने वालों में कांग्रेस उपाध्यक्ष वीरेंद्र पोखरियाल, मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी, डॉ प्रतिमा सिंह, देहरादून महानगर अध्यक्ष डॉ. जसविंदर सिंह गोगी,
पार्षद कोमल बोरा, एतात खान, रॉबिन त्यागी, पिया थापा, मोहन काला, लकी राणा, मोहित मेहता, मोनी, अनुसूचित जाति विभाग के अध्यक्ष मदन लाल,
विनीत प्रसाद भट्ट (बंटू), संजय, सुलेमान अंसारी, सुरभि शाह, वंदना राही, गुल मोहम्मद, हर्ष बागरी, अभिषेक पासी, प्रियांशु गोड़ सहित अनेक कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।