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UttarkashiNews:-सालरा गांव के आग प्रभावितों को पहुंचाईं राहत सामग्री

उत्तरकाशी – मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार प्रशासन ने सालरा गांव के अग्निकांड प्रभावितों के लिए राहत सामग्री एवं खाद्यान्न किट का वितरण करने के साथ ही प्रभावित परिवारों को मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से आर्थिक सहायता स्वीकृत जाने का अनुरोध किया गया है।

प्रशासन ने अग्निकांड से हुई लगभग 90 लाख की क्षति होने का आकलन कर शासन को रिपोर्ट भेज दी गई है। गत दिन मोरी तहसील के सालरा गांव में घरों में आग लगने की घटना पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा इस संबंध में निरंतर अपडेट लिया जाता रहा और राहत व बचाव कार्यों को तेजी से संचालित करने के साथ ही प्रभावितों को तुरंत सहायता उपलब्ध कराने और उनके रहने-खाने की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए थे।

प्रशासन ने मोरी तहसील के सालरा गांव के अग्निकांड से पूर्णतः क्षतिग्रस्त भवनों पर रहने वाले 22 प्रभावित परिवारों को तात्कालिक सहायता के तौर पर गत दिन ही पांच हजार रूपये की दर से अहेतुक सहायता वितरित कर दी गई। मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर पर प्रत्येक प्रभावित परिवार को 01 टेंट, 01 तिरपाल, 01 खाद्यान्न किट,

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(प्रत्येक किट में 10 किलो चावल, 10 किलो आटा, 2 किलो दाल, 1 लीटर खाद्य तेल, 1 किलो चीनी, 100 ग्राम चायपत्ती, 250 ग्राम मसाला, 1 किलो नमक आदि) 01 प्रेशर कुकर, 01-बाल्टी, 01-लोटा व 02 थाली, 02 कंबल, 01 रजाई, 02 गद्दे उपलब्ध कराए गए हैं।

प्रभावितों के लिए गांव के प्राथमिक विद्यालय में अस्थाई शरणालय भी बनाया गया है। राजस्व विभाग के दो उप निरीक्षकों को प्रभावितों की सहायता व राहत कार्यों में समन्वय के लिए गॉंव में ही तैनात रखा गया है।
उल्लेखनीय है कि सालरा गांव में गत दिन पूर्वाह्न 11 बजे आग लगने की घटना की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट के निर्देश पर तत्काल आपदा प्रबंधन तंत्र को सक्रिय करते हुए तहसीलदार मोरी सहित राजस्व, अग्निशमन, एस.डी.आर.एफ., पुलिस, वन विभाग,

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चिकित्सा विभाग व पशु विभाग की टीम को घटना स्थल के लिए रवाना कर दिया था। प्रशासन के द्वारा इस घटना के संबंध में शासन के उच्चाधिकारियों को सूचित करने के साथ ही आग पर नियंत्रण के लिए आवश्यकता पड़ने पर वायु सेना के हेलीकॉप्टर की सेवाएं लेने हेतु भी लिखित अनुरोध किया गया था। लेकिन आग पर नियंत्रण हो जाने के बाद हेलीकॉप्टर की सेवा लेने की आवश्यकता नहीं पड़ी।

जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने जल संस्थान, यूपीसीएल, पीएमजीएसवाई तथा वेप्कोस के अधिकारियों को तुरंत सालरा जाकर गॉंव की पेयजल, बिजली आपूर्ति एवं सड़क निर्माण से संबधित मामलों का तत्काल निस्तारण करने के निर्देश दिए हैं।

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जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने बताया कि तहसीलदार मोरी एवं उप जिलाधिकारी पुरोला द्वारा उपलब्ध कराई गई सूचना के अनुसार पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त 10 भवनों पर रहने वाले 22 परिवारों को 86 लाख रूपये की क्षति होने का अनुमान है। जबकि आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त 04 भवन स्वामियों को लगभग 03 लाख और 01 कोठार (अन्न भंडारागार) की क्षति का आकलन 01 लाख रूपये किया गया है।

जिलाधिकारी ने बताया कि अग्निकांड के मामलों में आपदा मद में गृह अनुदान अनुमन्य न होने के कारण उपरोक्त प्रभावितों एवं आग बुझाने के दौरान घायल हुए 06 व्यक्तियों को मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से धनराशि स्वीकृत किए जाने हेतु शासन को पत्र भेजा गया है। धनराशि स्वीकृत होते ही तुरंत प्रभावितों को उपलब्ध करा दी जाएगी।

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