शनिवार को श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि है। इस दिन देशभर में 79वां स्वतंत्रता दिवस मनाया जाएगा।
इसी दिन हरियाली तीज का पर्व भी पड़ रहा है। पंचांग के अनुसार तृतीया तिथि शाम करीब 5:28 बजे तक रहेगी,
इसके बाद चतुर्थी तिथि प्रारंभ होगी। उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र अगले दिन तड़के करीब 3:25 बजे तक रहेगा।
ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार श्रावण शुक्ल तृतीया पर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा विशेष फलदायी मानी जाती है।
हरियाली तीज पर महिलाएं सुखी दांपत्य, पति की दीर्घायु और परिवार की समृद्धि की कामना से व्रत-पूजन करती हैं।
इस दिन मेहंदी लगाने, हरे वस्त्र पहनने और झूला झूलने की परंपरा भी कई क्षेत्रों में प्रचलित है।
आज का पंचांग- दिन: शनिवार
– तारीख: 15 अगस्त 2026, हिंदू मास: श्रावण, पक्ष: शुक्ल पक्ष,
– तिथि: तृतीया शाम करीब 5:28 बजे तक, इसके बाद चतुर्थी,
– नक्षत्र: उत्तराफाल्गुनी, 16 अगस्त तड़के करीब 3:25 बजे तक,
– योग: शिव योग सुबह करीब 7:09 बजे तक, इसके बाद सिद्ध योग।
– करण: तैतिल सुबह करीब 6:02 बजे तक, इसके बाद गरज,
– चंद्र राशि: दिन के आरंभ में सिंह; सुबह करीब 9:34 बजे के बाद कन्या।
– विक्रम संवत: 2083,
– शक संवत: 1948, पराभव,
– सूर्योदय: लगभग 5:50-5:51 बजे,
– सूर्यास्त: लगभग 6:53-7:01 बजे,
– राहुकाल: लगभग सुबह 9:06 से 10:44 बजे तक,
– गुलिक काल: लगभग सुबह 7:28 से 9:06 बजे तक,
– यमगंड: लगभग दोपहर 1:59 से 3:37 बजे तक,
– अभिजीत मुहूर्त: लगभग सुबह 11:56 से दोपहर 12:48 बजे तक।
नोट: पंचांग के समय स्थान के अनुसार कुछ मिनट आगे-पीछे हो सकते हैं।
ऊपर दिए समय उत्तर भारत के प्रचलित पंचांगों के आधार पर हैं।
आज का धार्मिक महत्व
श्रावण मास भगवान शिव को समर्पित माना जाता है। शुक्ल पक्ष की तृतीया को हरियाली तीज का पर्व मनाया जाता है।
मान्यता है कि माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए कठोर तपस्या की थी।
इसी कारण सुहागिन महिलाएं इस दिन शिव-पार्वती की पूजा कर अखंड सौभाग्य और दांपत्य सुख की कामना करती हैं।
15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस और हरियाली तीज का संयोग होने से दिन का सामाजिक और धार्मिक महत्व और बढ़ गया है।
देशभर में तिरंगा फहराने के साथ मंदिरों और घरों में शिव-पार्वती की पूजा-अर्चना की जाएगी।
2026 के हिंदू कैलेंडर में भी 15 अगस्त को हरियाली तीज और स्वतंत्रता दिवस दोनों दर्ज हैं।
15 अगस्त का चौघड़िया
दिन के चौघड़िया के अनुसार लगभग—
– काल: 5:50 से 7:28 बजे,
– शुभ: 7:28 से 9:06 बजे,
– रोग: 9:06 से 10:43 बजे,
– उद्वेग: 10:43 से 12:21 बजे,
– चर: 12:21 से 1:58 बजे,
– लाभ: 1:58 से 3:36 बजे,
– अमृत: 3:36 से 5:13 बजे,
– काल: 5:13 से 6:51 बजे।
रात में लाभ, शुभ और अमृत के चौघड़िया भी आते हैं। अलग-अलग स्थानों के अनुसार इन समयों में थोड़ा अंतर हो सकता है।
आज का राशिफल
मेष राशि:-आज का दिन आपके लिए सक्रियता और आत्मविश्वास से भरा रहेगा।
कार्यक्षेत्र में किसी महत्वपूर्ण काम को पूरा करने का अवसर मिल सकता है। परिवार में किसी सदस्य से सहयोग मिलेगा।
आर्थिक मामलों में जल्दबाजी से बचें। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन अत्यधिक भागदौड़ से थकान हो सकती है। उपाय: भगवान शिव को जल अर्पित करें।
वृषभ राशि:-वृषभ राशि वालों के लिए दिन भाग्यवर्धक रहने के संकेत हैं। रुके हुए कार्य आगे बढ़ सकते हैं और आर्थिक लाभ के अवसर मिल सकते हैं।
दांपत्य जीवन में प्रेम और सामंजस्य बढ़ेगा। परिवार के साथ अच्छा समय बीतेगा। निवेश संबंधी निर्णय सोच-समझकर लें। उपाय: माता पार्वती को हरे रंग की वस्तु अर्पित करें।
मिथुन राशि:-आज सुख-सुविधाओं और पारिवारिक मेलजोल में वृद्धि हो सकती है। पुराने मित्र या रिश्तेदार से मुलाकात मन प्रसन्न करेगी।
नौकरी और व्यवसाय में नई जिम्मेदारी मिल सकती है। विद्यार्थियों को पढ़ाई में एकाग्रता बनाए रखने की जरूरत है। खर्चों पर नियंत्रण रखें। उपाय: शिव-पार्वती की पूजा करें।
कर्क राशि:-कर्क राशि के जातकों को आज परिवार और कार्यक्षेत्र दोनों में संतुलन बनाकर चलना होगा।
किसी पुराने विवाद का समाधान निकल सकता है। आर्थिक स्थिति सामान्य से बेहतर हो सकती है। भावनाओं में बहकर निर्णय लेने से बचें।
स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें। उपाय: शिवलिंग पर दूध या जल अर्पित करें।
सिंह राशि:-आज चंद्रमा की स्थिति आपके आत्मविश्वास को मजबूत कर सकती है।
आर्थिक मामलों में सकारात्मक परिणाम मिलने की संभावना है। परिवार के लोगों का सहयोग मिलेगा।
स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रमों में भाग लेने का अवसर मिल सकता है। प्रेम संबंधों में मधुरता आएगी। उपाय: सूर्यदेव को जल अर्पित करें।
कन्या राशि:-सुबह के बाद चंद्रमा के कन्या राशि में आने से आपकी मानसिक सक्रियता बढ़ सकती है। रचनात्मक कार्यों में सफलता मिल सकती है।
नौकरी या व्यवसाय में नई योजना पर काम शुरू करने का विचार बन सकता है।
रिश्तों में संवाद बनाए रखना जरूरी होगा। उपाय: गणेश जी की पूजा कर हरी मूंग का दान करें।
तुला राशि:-आज खर्चों में वृद्धि हो सकती है और अचानक यात्रा की स्थिति बन सकती है।
परिवार के किसी सदस्य के कारण अतिरिक्त जिम्मेदारी आ सकती है। आर्थिक मामलों में बजट बनाकर चलें।
कार्यक्षेत्र में धैर्य से काम लेने पर सफलता मिलेगी। उपाय: जरूरतमंद व्यक्ति को भोजन कराएं।
वृश्चिक राशि:-वृश्चिक राशि वालों के लिए दिन उपलब्धियों वाला रह सकता है। पुराने संपर्कों से लाभ मिल सकता है।
व्यवसाय में कोई अच्छा अवसर सामने आ सकता है। परिवार में उत्साह का वातावरण रहेगा।
किसी को पैसा उधार देने से पहले अच्छी तरह विचार करें। उपाय: भगवान शिव का ध्यान करें और महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें।
धनु राशि:-करियर से जुड़ा कोई अच्छा समाचार मिल सकता है। वरिष्ठ लोगों का सहयोग आपके काम को आसान करेगा।
यात्रा के योग बन सकते हैं। पारिवारिक जीवन में सुख-शांति रहेगी। विद्यार्थियों के लिए दिन अच्छा है। उपाय: शिव मंदिर में दीपक जलाएं।
मकर राशि:-आज आपको अपने काम में अनुशासन और धैर्य बनाए रखने की आवश्यकता होगी। आर्थिक मामलों में धीरे-धीरे सुधार होगा।
नौकरीपेशा लोगों को अतिरिक्त जिम्मेदारी मिल सकती है। किसी पुराने मित्र से बातचीत लाभदायक हो सकती है।
स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। उपाय: शनिवार को जरूरतमंद को काला तिल या खाद्य सामग्री दान करें।
कुंभ राशि:- आज सामाजिक और पारिवारिक गतिविधियां बढ़ सकती हैं। कोई पुराना काम पूरा होने से राहत मिलेगी।
कारोबारियों को नए संपर्कों से फायदा हो सकता है। प्रेम संबंधों में विश्वास बनाए रखना जरूरी होगा। अनावश्यक बहस से बचें। उपाय: पीपल के पेड़ के नीचे दीपक जलाएं।
मीन राशि:- मीन राशि वालों के लिए आज भाग्य का साथ मिलने के संकेत हैं। प्रियजनों के साथ सुखद समय बीतेगा और कार्यक्षेत्र में सहयोग प्राप्त होगा।
धार्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ेगी। आर्थिक स्थिति संतोषजनक रहेगी। कोई शुभ समाचार मन प्रसन्न कर सकता है। उपाय: भगवान शिव को बेलपत्र अर्पित करें।
आज का विशेष संदेश
15 अगस्त का दिन देशभक्ति, आस्था और पारिवारिक सुख—तीनों का संगम लेकर आया है।
स्वतंत्रता दिवस पर देश के प्रति अपने कर्तव्यों को याद करने के साथ हरियाली तीज पर भगवान शिव और माता पार्वती की आराधना करें।
ज्योतिषीय राशिफल और उपाय धार्मिक मान्यताओं पर आधारित हैं; इन्हें निश्चित भविष्यवाणी के बजाय सामान्य मार्गदर्शन के रूप में लेना चाहिए।
पंचांग के प्रमुख समय विभिन्न स्थानों के अनुसार बदल सकते हैं।