Headlines

DehradunNews:-रायपुर क्षेत्र में स्थित परीक्षा केन्द्र में छापेमारी कर गिरोह के दो सदस्यों को पकड़ा 

एसओजी व एसटीएफ मेरठ की संयुक्त टीम ने ऑनलाइन इंजिनियरिंग इंट्रेंस परीक्षा में नकल कराने वाले गिरोह का किया भण्डाफोड।


देहरादून – ऑनलाइन प्रतियोगी परीक्षाओं में नकल पर रोक लगाते हुए नकल माफियाओं के विरुद्ध  कार्यवाही करते हुए।

27 अप्रैल 24 को एसटीएफ मेरठ ने देहरादून के कुछ संस्थानों में नकल माफियाओं द्वारा विभिन्न आनलाइन प्रतियोगी परीक्षाओं में परीक्षार्थियों को नकल कराये जाने के समबन्ध में गोपनीय जानकारी दी,

देहरादून पुलिस ने एसटीएफ मेरठ की टीम से समन्वय स्थापित करते हुए 27 अप्रैल 24 को एसओजी देहरादून तथा एसटीएफ मेरठ उत्तर प्रदेश की संयुक्त टीम को सूचना मिली।

सूचना के आधार पर सहस्त्रधारा रोड स्थित Edu Choice Consultancy नाम के कन्सल्टेंसी लैब में दबिश दी गई, जहां पर 20 अप्रैल से 25 अप्रैल के बीच  वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (वेल्लोर में निजी विश्वविद्यालय) तमिलनाडु की आनलाइन इन्ट्रेंस परीक्षा भी आयोजित की गई थी।

छापेमारी की कार्यवाही के दौरान पुलिस टीम को मौके पर 02 व्यक्ति मिले जिसमें ओजितेश कुमार पुत्र रामबाबू सिन्हा निवासी ग्राम पोस्ट अत्री थाना रुन्नी सैदपुर जिला सीतामढ़ी हाल निवासी सहस्त्रधारा रोड डंडा लाखोंड आईटी पार्क देहरादून।

ये भी पढ़ें:   Early Warning:-वसुंधरा ताल से शुरू होगी ग्लेशियल झीलों की अर्ली वार्निंग सिस्टम की निगरानी, वैज्ञानिक दल रवाना

और राहुल कुमार पुत्र अंजनी कुमार ठाकुर निवासी अघोरिया बाजार प्रोफ़ेसर कॉलोनी थाना काज़िमोहम्मदपुर जिला मुज़्ज़फ़्फ़रपुर बिहार हाल निवासी हाउस नंबर – 04 रुद्राक्ष एन्क्लेव डंडा लाखोंड आईटी पार्क देहरादून मौजूद मिले।

जिनकी तलाशी में पुलिस टीम को उनके पास से मोबाइल फोन, लैप टॉप तथा 20 से 25 अप्रैल तक आयोजित की गई परीक्षा मे सम्मिलित कुछ परीक्षार्थियों के एडमिट कार्ड तथा उनके एप्लीकेशन नम्बर लिखी हुई।

आनलाइन एक्जाम की डिस्प्ले की फोटो कॉपी बरामद हुई, जिसके सम्बन्ध में सख्ती से पूछताछ करने पर अभियुक्तों द्वारा उक्त परीक्षा में अभ्यर्थियों के सिस्टम का सर्वर रूम से एक्सेस प्राप्त कर आनलाइन पेपर साल्व करवाने की बात स्वीकार की गई।

दोनों अभियुक्तों को पुलिस द्वारा मौके से गिरफ्तार किया गया तथा अभियुक्तों के पास से बरामद मोबाइल, इलेक्ट्रानिक उपकरण व परीक्षार्थियों से सम्बन्धित दस्तावेजों को कब्जे में लिया गया। उक्त प्रकरण के सम्बंध में मेरठ एसटीएफ की ओर से दी गई।

ये भी पढ़ें:   Early Warning:-वसुंधरा ताल से शुरू होगी ग्लेशियल झीलों की अर्ली वार्निंग सिस्टम की निगरानी, वैज्ञानिक दल रवाना

तहरीर के आधार पर अभियुक्त राहुल कुमार, जितेश कुमार, कुलवीर तथा गौरव यादव के विरूद्व थाना रायपुर में मु0अ0सं0 – 182/24, धारा 66डी, आई0टी0 एक्ट तथा 420,467,468,471, 120(बी) भादवि का अभियोग पंजीकृत किया गया।

अभियुक्तों से पूछताछ में गिरोह के सरगना कुलवीर, निवासी हरियाणा तथा गैारव, निवासी बिजनौर का नाम प्रकाश में आया है, जिनकी गिरफ्तारी के प्रयास किये जा रहे हैं।

पूछताछ में अभियुक्त जीतेश द्वारा बताया गया कि वह सहस्त्रधारा रोड पर Edu. Choice Consultancy नाम से आफिस चलाता है तथा राहुल उसके आफिस का सारा काम देखता है। वे दोनो कुलवीर निवासी हरियाणा तथा गौरव, निवासी बिजनौर के लिये काम करते है।

कुलवीर की सेंट जेवीयर स्कूल कैनाल रोड के पास आनलाइन एक्जामिनेशन नाम से एक लैब है। गौरव यादव और राहुल विभिन्न सस्ंथानों में प्रवेश दिलाने के लिये छात्रों से सम्पर्क करते है तथा उन्हें उक्त परिक्षाओं का फार्म भरवाकर एडमिट कार्ड उपलब्ध करवाते है,

उसके पश्चात गौरव, कुलवीर के साथ मिलकर विभिन्न लैबो से बातचीत कर परीक्षार्थियों के ऑनलाइन परीक्षा के दौरान पेपर सॉल्व करवाते है, इसके लिये वे अलग-अलग लैबो में कुछ कम्प्यूटर सिस्टम का सर्वर रूम के माध्यम से पूर्व में ही एक्सेस ले लेते है तथा जिन परीक्षार्थियों के पेपर सॉल्व करवाने होते है,

ये भी पढ़ें:   Early Warning:-वसुंधरा ताल से शुरू होगी ग्लेशियल झीलों की अर्ली वार्निंग सिस्टम की निगरानी, वैज्ञानिक दल रवाना

उन्हें पूर्व में एक्सेस लिये गये कम्प्यूटर सिस्टम पर बैठाया जाता है तथा सर्वर रूम में बैठकर पेपर सॉल्वर द्वारा एनी डेस्क सॉफ्टवेयर के माध्यम से सिस्टम का एक्सेस लेकर उनके ऑनलाइन पेपर सॉल्व कर वहीं से सबमिट किये जाते है,

इस दौरान पेपर सॉल्वर बीच-बीच में ऑनलाइन पेपर के स्क्रिन शॉट बाहर बैठे व्यक्तियों व परीक्षार्थियों को भी भेजते रहता है, जिससे उन्हें पेपर सॉल्व होने की जानकारी मिलती है।

पेपर सॉल्व करवाने के एवज में वे अभ्यर्थियो से 01 से डेढ लाख रू0 तक की रकम लेते है, जिसे बाद में वे आपस में बॉट लेते है। पुलिस को वांछित अभियुक्त कुलवीर, निवासी हरियाणा और गैारव यादव, निवासी बिजनौर की तलाश है।

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *