Headlines

HaryanaNews:- कांग्रेस अध्यक्ष माहरा ने कुमारी सैलजा के लिए मांगे वोट

देहरादून -उत्तराखण्ड प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा ने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव एवं उत्तराखण्ड प्रभारी कुमारी सैलजा के चुनाव प्रचार में आज हरियाणा प्रदेश के सिरसा लोकसभा क्षेत्र में रतिया विधानसभा क्षेत्र के भोटिया खेड़ा, मानांवाली, खैराती खेडा, कुकडावाली आदि स्थानों पर चुनाव प्रचार में प्रतिभाग किया।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा 12 मई 24 से हरियाणा एवं दिल्ली के चुनावी भ्रमण पर हैं। इसी के तहत आज करन माहरा ने सिरसा लोकसभा क्षेत्र में प्रदेश प्रभारी कुमारी सैलजा के चुनाव प्रचार में विभिन्न स्थानों पर चुनाव प्रचार कर स्थानीय जनता से कांग्रेस प्रत्याशी के पक्ष में वोट की अपील की।

सिरसा लोकसभा क्षेत्र में अपने चुनावी संबोधनों में कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी अपने कार्यकाल में किये गये विकास कार्यों के नाम पर वोट मांग रही है जबकि भाजपा सरकारी तंत्र का उपयोग कर झूठे वादों तथा धर्म के नाम पर चुनाव लड रही है। उन्होंने कहा कि आज केन्द्र और राज्य की सत्ता में बैठी सरकार पूरी तरह से पूंजीपतियों के हाथों में खेल रही है।

ये भी पढ़ें:   Problems:- सीएम धामी ने राजकीय इंटर कॉलेज लाखनमंडी में क्षेत्रीय जनता की समस्याओं को सुना

भाजपा सरकार द्वारा बडे-बडे औद्योगिक संस्थानों और सरकारी संपत्तियों को अपने पूंजीपति साथियों के हाथों कौड़ियों के भाव बेचकर बेरोजगारों की आशाओं पर कुठाराघात किया जा रहा है। ईडी, सीबीआई जैसी देश की संवैधानिक संस्थाओं का इस्तेमाल अपने राजनैतिक स्वार्थ के लिए किया जा रहा है तथा कांग्रेस सहित अन्य दलों के जो लोग इन संस्थाओं के डर से भाजपा में शामिल हो रहे हैं यह उसका जीता जागता उदाहरण है।

करन माहरा ने कहा कि पिछले 10 वर्ष के शासन काल में सबसे अधिक उत्पीड़न देश के अन्नदाता का हुआ है। संसद में संख्याबल के आधार पर संसदीय प्रणाली व प्रजातंत्र को धता बताते हुए किसान विरोधी तीन काले कानून पारित किए गए। देश भर में 62 करोड़ किसान-मजदूर व 250 से अधिक किसान संगठन इन काले कानूनों के खिलाफ लगातार दो साल से आवाज उठाते रहे इस आन्दोलन में लगभग 800 किसानों को अपने प्राणों की आहुति देनी पड़ी।

ये भी पढ़ें:   Problems:- सीएम धामी ने राजकीय इंटर कॉलेज लाखनमंडी में क्षेत्रीय जनता की समस्याओं को सुना

सरकार ने अन्नदाता किसान की बात सुनना तो दूर, संसद में उनके नुमाईंदो की आवाज को दबाने तथा सत्ता के बल पर सड़क पर आन्दोलनरत किसानों को केन्द्रीय गृह राज्यमंत्री के पुत्र द्वारा गाडी से कुचल कर निर्मम हत्या जैसे जघन्य अपराध किये गये। जिसके बाद कांग्रेस पार्टी सहित विपक्ष के भारी जन दबाव में सरकार को काले कानून वापस लेने पड़े।

एक तरफ भाजपा सरकार किसानों की आय दुगनी करने के बड़े-बडे ढोल पीटती है परन्तु किसानों को उनकी फसलों के उचित दाम देने के लिए एम.एस.पी. लागू करने की मांग नहीं मानी गई। उर्वरक खाद के बोरे का वनज घटाकर 50 किलो के स्थान पर 40 किलो कर किसानों के साथ धोखा किया जा रहा है।

ये भी पढ़ें:   Problems:- सीएम धामी ने राजकीय इंटर कॉलेज लाखनमंडी में क्षेत्रीय जनता की समस्याओं को सुना

चुनाव प्रचार में प्रदेश महामंत्री एवं वार रूम चेयरमैन नवीन जोशी, अनुसूचित जाति अध्यक्ष दर्शन लाल, अमरजीत सिंह आदि भी शामिल थे।

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *