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इंडिया एलाइंस एवं सिविल सोसाइटी का प्रतिनिधि मंडल मिला राजपाल से

देहरादून –इंडिया एलाइंस एवं सिविल सोसाइटी का एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधि मंडल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष करण माहरा के नेतृत्व में हल्द्वानी में हुई घटना के संबंध में राज्यपाल से मुलाकात कर ज्ञापन दिया। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष करण माहरा ने कहा कि हल्द्वानी में हुई 08 जनवरी 24 की घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। हम इंडिया गठबंधन और सिविल सोसाइटी इस  हिंसा की कठोर शब्दों में निंदा करते हैं, और शांति कायम करने की अपील करते हैं। उत्तराखंड के इतिहास में इस तरह की हिंसा की घटना पहली बार हुई है. अचानक इतने बड़े पैमाने पर हिंसा का फैलना, हिंसा के कारणों और उससे उत्पन्न हुई परिस्थिति की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच की जरूरत है।

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अतः हम राजपाल से मिलकर यह मांग करते हैं कि इस घटना की न्यायिक जांच, उच्च न्यायलय के सेवारत अथवा सेवानिवृत्त न्यायाधीश से करवाई जाए। इतनी भीषण हिंसा की घटना में प्रथम दृष्टया प्रशासन की लापरवाही, जल्दबाजी, निष्पक्षता और बल प्रयोग करने को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं, अतः नैनीताल जिले के जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को तत्काल निलंबित करते हुए पद से हटाया जाए।

अतिक्रमण हटाओ अभियान के नाम पर पिछले एक साल से चल रही कार्यवाहियां गंभीर सवालों के घेरे में हैं. बिना नोटिस के कार्यवाही से लेकर पक्षपातपूर्ण और गैर कानूनी कार्यवाही तक की घटनाएँ सामने आई है.जिस प्रकरण में हल्द्वानी में हिंसा हुई है, यह मामला उच्च न्यायलय में विचाराधीन है और उसकी अगली तारिख 14 फरवरी 24 को है. इसके बावजूद ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की कोशिश हुई. इस तरह की निरंकुश कार्यवाही पर रोक लगनी चाहिए. किसी भी कार्यवाही को करते हुए पुनर्वास, नोटिस, सुनवाई और संवेदनशीलता का ध्यान रखा जाना चाहिए, किसी भी निर्दोश को बेघर नहीं किया जाना चाहिए।

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भीषण हिंसा की इस घटना से निपटने के नाम पर भीषण पुलिसिया प्रति हिंसा नहीं होनी चाहिए, इस घटना से निपटने के नाम पर होने वाली हर कार्यवाही कानून और संविधान के दायरे के अंदर होनी चाहिए, आपसे निवेदन है कि राज्य सरकार और प्रशासन को निर्देशित करें कि उनकी कोई भी कार्यवाही संविधान और कानून के दायरे में ही हो।

 

 

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